अम्बिकापुर
(समाचारवाणी न्यूज़ )
पैगम्बर हज़रत मुहम्मद साहब का जन्म उत्सव ईद मिलादुन्नबी आज शहर के मुस्लिम समुदाय के द्वारा धूमधाम के साथ मनाया गया.इस अवसर पर शहर के 12 मस्जिदों के इमामों और उसके कमेटी से जुड़े लोगों के द्वारा सीरतुन्नबी कमेटी मोमिनपुरा के नेतृत्व में एक विशाल जुलूस निकाला गया जो
शहर के सद्भावना चौक से प्रारंभ होकर मोमिनपुरा चौक, रसूलपुर, बरेजपारा, जयस्तंभ चौक,सदर रोड़, कादंबनी चौक, इमलीपारा चौक, महामाया चौक, संगम चौक, देवीगंज रोड़, घड़ी चौक होते हुए स्थानीय कला केंद्र में आम जलसा में तब्दील हो गया.
इस अवसर पर सर्वप्रथम सीरतुन्नबी कमेटी अम्बिकापुर के संरक्षक व पूर्व छत्तीसगढ़ श्रम आयोग के अध्यक्ष शफी अहमद ने कहा कि ईद मिलादुन्नबी हज़रत मुहम्मद साहब के जन्म दिवस के रूप में पुरी दुनिया में मनाया जाता है जो मानवता को शांति का संदेश देता है. आज अम्बिकापुर के मुस्लिम समुदाय के द्वारा पैगम्बर हज़रत मुहम्मद साहब को याद करते हुए उनके बताए रास्ते का अनुसरण करते हुए शांति पूर्वक एक होकर भव्य जुलूस निकाला गया. इस भव्य जुलूस के प्रथम पंक्ति में समाज के धर्म गुरुओं का होना इस बात को प्रमाणित करता है कि मुस्लिम समुदाय इस आधुनिक युग में भी अपने धर्म और मोहम्मद साहब के बताए हुए मार्गो में चलने के लिए दृढ़ संकल्पित है. इस अवसर कांजी ए शहर मौलाना आबूलेश आजमी ने पैगम्बर हजरत मोहम्मद साहब के जीवनी पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मोहम्मद साहब ने अपने जीवन काल में मानव उत्थान के लिए जो उपदेश दिए थे वह आज भी उतने ही कारगर हैं जितना उसे समय थे. उन्होंने कहा कि मानव को मानव समझना ही इस्लाम है. सभी को एक होकर मानवता के लिए काम करना ईद-मिलादुन्नबी का मुख्य उद्देश्य है. रसूलपुर मस्जिद के इमाम मौलाना सगीर अहमद मिस्बाही ने कहा कि इस्लाम के आखिरी पैगाम हज़रत मुहम्मद साहब ने अपने अल्प आयु में जब अरब देशों में मानवता को कुचला जा रहा था, महिलाओं पर अत्याचार हो रहे थे, इंसानों को गुलाम बनाया जा रहा था उस समय उन्होंने ने मानवता के लिए जीयों और जीने दो का उपदेश दिया था. हर किसी की इज्जत के साथ उसका हक मुक्कर करते हुए सही रास्ते में चलने को कहा.उन्होंने कहा कि दुनिया में जितने भी बड़े साइंटिस्ट वह लेखक हुए उन्होंने अपने पुस्तक में इस चीज का वर्णन किया है कि इस दुनिया में पैगम्बर हज़रत मुहम्मद साहब के द्वारा बताए गए रास्ते ही सबसे महत्वपूर्ण है इसमें चलकर इंसान शांति को प्राप्त कर सकता है.मौलाना ने कहा कि पैगम्बर हज़रत मुहम्मद ने ही कहा है कि जिस वतन में तुम पैदा हुए हो उससे मुहब्बत इमान का हिस्सा है और वक्त आने पर अपने वतन के लिए जान भी निछावर कर दो. मुस्लिम समाज के द्वारा लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित वरिष्ठ अधिवक्ता हाजी अब्दुल रशीद ने कहा कि आज मुस्लिम समाज के लोगों को एक साथ एक कार्यक्रम में मौजूद होना बड़े ही फक्र की बात है हम सभी साथ चले तो नात शरीफ समाज का विकास होगा बल्कि शहर देश का विकास होगा उन्होंने कहा पैगम्बर हजरत मोहम्मद साहब के द्वारा बताए गए रास्ते सिर्फ मुसलमानों के नहीं है बल्कि समस्त मानव जाति के लिए है. उन्होंने ने कहा कि आज मुस्लिम समाज के द्वारा जो उन्हें सम्मान दिया गया है वह उनके बहुत महत्वपूर्ण है इसके लिए में सभी का दिल से शुक्रिया अदा करते हैं.
सीरतुन्नबी कमेटी के द्वारा वर्ष 2023 में शिक्षा, सामाजिक कार्य और खेलकूद प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत करते हुए सम्मानित किया गया. इस अवसर पर कमेटी के द्वारा मुस्लिम समाज के सबसे वरिष्ठ अधिवक्ता हाजी अब्दुल रशीद को लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड से शहरे कांजी मौलाना आबूलेश आजमी, शफी अहमद, सहित अन्य मुस्लिम धर्म गुरुओं ने सम्मानित किया. वही पुरी दुनिया में मानवता के लिए अहम योगदान देने में सबसे आगे रहने वाले सिख समाज अम्बिकापुर के प्रमुख रघुवीर सिंह छाबड़ा को मुस्लिम समाज के द्वारा सम्मानित किया गया. इस अवसर पर मंच संचालन दानिश रफीक ने किया. इस दौरान ईसाई समाज के प्रमुख विशप स्वामी, प्रजापति ब्रह्म कुमारी की बहने,द्वितेंद्र मिश्रा, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राकेश गुप्ता, समाज सेवी वंदना दत्ता, सतेंद्र तिवारी, प्रवीण गुप्ता, हेमंत सिंहा, मोहम्मद इस्लाम खान, रशीद पेंटर, रशीद अंसारी, हाजी यासिन, हाजी रहमत खान, हाजी रमजान, मो. हसन , असफाक पापुलर बस, तनवीर हसन,पीक्कु भाई, मुजीबुर्रहमान, कयामुद्दीन,फैजान,अजहर, सद्दाम,आरज़ू सहित काफी संख्या में आमजन उपस्थित थे.
(Samachar vani web.news, Ambikapur)







